दोस्त की सेक्सी बहन ने सील तुड़वाई — Hindi audio kahani
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दोस्त की सेक्सी बहन ने सील तुड़वाई

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कहानी के बारे में

सेक्सी वर्जिन Xxx कहानी में मेरे खास दोस्त की बहन तमन्ना भाटिया जैसी माल लगती है. मैं उसे चोदना चाहता था पर दोस्ती की शर्म थी. लेकिन एक दिन...

📖 Padho — Poori Kahani

सेक्सी वर्जिन Xxx कहानी में मेरे खास दोस्त की बहन तमन्ना भाटिया जैसी माल लगती है. मैं उसे चोदना चाहता था पर दोस्ती की शर्म थी. लेकिन एक दिन पहल उसी की तरफ से हुई. सभी पाठकों को मेरा प्रणाम. मेरा नाम डीके है और मैं गुजरात के सूरत में रहता हूँ. आप मुझे प्यार से चूत-रसिया भी बुला सकते हैं. मैंने अंतर्वासना की वेबसाइट पर सारी कहानियां पढ़ी हैं. तो मैंने सोचा कि क्यों ना आप तक अपनी सेक्सी वर्जिन Xxx कहानी भेजूँ. मैं सूरत शहर के एक मोहल्ले की संस्कृति में रहने वाला 5 फीट 5 इंच का सुडौल शरीर वाला एक सिंपल-सा लड़का हूँ. ये बात 2006 की है. तब मेरा एक खास दोस्त हुआ करता था, जिसकी एक बहन थी. उसका नाम स्वीकृति था. वह एक नंबर का माल थी. उसके बड़े-बड़े चूचे, थोड़ी हल्की-सी निकली हुई कमर, बड़ी चौड़ी सी गांड. दूध से भी ज्यादा गोरा बदन और एक सुहानी-सी खुशबू. अभी जो पाठक सिर्फ लंड हिलाने वाले हैं, उनके लिए बता दूँ कि लड़कियों में एक खुशबू होती है और वह हर लड़की की अलग होती है. इस लौंडिया की हाइट थोड़ी छोटी थी. अगर इमेजिन करना है तो सोच लीजिए कि तमन्ना भाटिया … सेम टू सेम वैसी ही माल लगती है. हम लोग साथ में बड़े हुए थे सभी तरह के खेल खेलते हुए एक दूसरे से बेहद करीब से जुड़े हुए थे. वक्त के साथ हम सब जवान हुए और बाद में इसी लड़की स्वीकृति की कई बार चुदाई हुई थी. लेकिन आज मैं आपके सामने इसके साथ हुई पहली चुदाई की बात करने जा रहा हूँ. स्वीकृति को हम सब प्यार से स्विकू कहते थे. उसके साथ हमारा घर जैसा रिश्ता था. वह मेरे दोस्त की बहन थी तो बड़े होने मैं उसे सेक्स की नजर से देखने लगा था. उससे रिश्ता काफी करीब का होने के कारण मैं सिर्फ दूर से उसकी जवानी का चक्षु-चोदन करता था. लेकिन एक बार कुछ ऐसा हुआ कि हमारा मिलन हो गया. उन दिनों हमारी स्कूल की छुट्टियां चल रही थीं. मेरे घर से सभी लोग मामा के घर गए हुए थे. मैं घर पर अकेला था. अपने 4 मंजिल के घर के आखिरी माले पर बैठा सेक्स वीडियो देख रहा था. तभी वह पीछे से आ गई और वीडियो देखने लगी. मुझे उसके आने का जरा सा भी पता नहीं चला. तभी नीचे वाले मेन दरवाजे की घंटी बजने की आवाज आई. मैंने हड़बड़ा कर पलट कर देखा, तो पीछे वह खड़ी थी. तभी वापस से घंटी बजी. हम दोनों बिना कुछ बोले नीचे आ गए. मैंने दरवाजा खोल कर देखा तो एक छोटा ब.च्चा कुछ काम से घर आया था. उस वक्त कुछ...